आज देश में प्रगति का आधार उसके शिक्षा व्यवस्था से पहचान की जाती है आज भारत में ऐसे कई संस्थान है जो नई पीढ़ी को सिर्फ पढ़ा नहीं रहे अपितु उनके भविष्य को आकर भी दे रहे हैं आज हम बात करने जा रहे हैं एक नहीं दो प्रेरक उदाहरण की, जहां पर दोनों संस्थान अपनी विशेष शिक्षण पद्धति आधुनिक तकनीकी तथा अनुशासन मूल्य के मेल से शिक्षा की दुनिया में नई पहचान धरातल पर स्थापित कर रही है.
भविष्य की शिक्षा का प्रतीक बना हमारा विद्यालय
आज उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में पचपेडि़या़ रोड पर स्थित देलही पब्लिक सीनियर स्कूल तथा यूरो किड्स के मैनेजिंग डायरेक्टर अमरमणि पांडेय द्वारा संचालित होती है इसी बीच एकेडमिक इंचार्ज दिव्या मिश्रा ने कहा है कि अब भविष्य की पीढ़ी को मजबूत नींव तथा उज्जवल दिशा देने में हम अग्रणी हैं यह सिर्फ विद्यालय ही नहीं अपितु भविष्य निर्माण का केंद्र है जहां पर हर बच्चा अपनी नई दुनिया बनाने के लिए तैयार होकर निकल रहा है. यूरो किड्स का महत्व बताते हुए आगे उन्होंने कहा Learn By Play यानी खेल-खेल में सीखना यहां पर हर बच्चो की पढ़ाई पर बोझ नहीं डाला जाता है अपितु उनकी स्वाभाविक जिज्ञासा को पढ़ाई का माध्यम बनाया जाता है.

Montessori तकनीकी गतिविधि पर आधारित सीख, रंग-बिरंगे कक्षा-कक्ष तथा सुरक्षित वातावरण में बच्चों की मानसिक, सामाजिक तथा शारीरिक विकास में महत्वपूर्ण हमारा विद्यालय निभा रहा है. शिक्षा का वातावरण सुरक्षित तथा सकारात्मक हो. शिक्षा सिर्फ अंक पाने का ही माध्यम नहीं है अपितु जीवन जीने की भी कला है शिक्षक बच्चों की क्षमता समझ कर उसे आगे बढ़ाएं तथा सीखने में तकनीकी तथा गतिविधियों का संतुलन आवश्यकता रूप से उपयोग हो यही कारण है कि यह दोनों संस्थान आधुनिक शिक्षा के महत्वपूर्ण उदाहरण बस्ती शहर में माने जाते हैं. जहां पर यह विद्यालय बड़े तथा सीनियर स्टूडेंट के लिए उत्कृष्ट संस्थान साबित हो रहा है वहीं छोटे बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा का एक शानदार उदाहरण भी बन चुका है शिक्षा की नींव सबसे नाजुक होती है इसीलिए इसे प्यार, समझ, खेल आधारित शिक्षण से मजबूत और भी बनाया जा रहा है.
शिक्षकों की विद्यालय में अहम भूमिका, प्रेरक तथा मार्गदर्शन
मीडिया से बातचीत करने के दौरान दिव्या मिश्रा ने बताया है कि यूरो किड्स में बच्चे सिर्फ ABCD या फिर 123 नहीं सिखाते अपितु शेयर करना, दोस्ती, सम्मान तथा आत्मविश्वास जैसे जीवन की मूल बातें भी हम इन बच्चों को ज्ञान के रूप में पिरोते हैं. यही शिक्षक बच्चों की रुचियां को समझते हैं तथा इसी आधार पर उन्हें सही दिशा का निर्देश देते हैं यही कारण है कि यूरो किड्स बच्चे आगे जाकर किसी भी बड़े स्कूल में बेहतरीन प्रदर्शन करने की भूमिका निभा पायेंगे. हमारा विद्यालय सिर्फ एक विद्यालय ही नहीं अपितु एक ऐसा शिक्षण संस्थान है जहां हर साल बच्चों को उत्कृष्ट शिक्षा देने के लिए हमारी पूरी टीम समर्पित है हमारे विद्यालय का मानना यह है कि शिक्षा सिर्फ किताबों तक सीमित नहीं रहना चाहिए अपितु चरित्र निर्माण, जीवन कौशल का मेल तथा व्यक्तित्व विकास भी जरूरी है.

यहां का पूरा वातावरण अनुशासन, सकारात्मक तथा सम्मान सोच पर आधारित है इस कड़ी में उन्होंने आगे भी बताया विद्यालय आधुनिक क्लासरूम, प्रयोगशालाएं, स्मार्ट बोर्ड, कंप्यूटर, लाइव स्पोर्ट्स, ग्राउंड तथा लाइब्रेरी सब कुछ छात्रों के बहुमुखी विकास को ध्यान में रखकर पूर्ण रूप से तैयार किया गया है. अपनी बात को अंतिम चरण में रखते हुए बताया कि शिक्षक सिर्फ पढ़ने वाले नहीं अपितु मार्गदर्शक है वह हर छात्र की क्षमता को पहचान कर उसी के अनुसार उन्हें दिशा देते हैं यहां पर बच्चे अपने सपनों को सिर्फ नहीं देखते हैं अपितु उन्हें पूरा करने की राह पर भी चलते हैं चाहे वह विज्ञान, गणित, कला तथा खेल हर क्षेत्र में छात्रों को प्रोत्साहन तथा मार्गदर्शन पूरे तन, मन, धन से दिया जाता है.


